Aadhaar Card Update: क्या आप भी किराए के मकान में रहते हैं या हाल ही में किसी नए शहर में शिफ्ट हुए हैं? आधार कार्ड में अपना पता अपडेट करवाना अक्सर एक बड़ा सिरदर्द बन जाता है, खासकर तब जब आपके पास अपने नाम का कोई बिजली बिल या रेंट एग्रीमेंट न हो।
लेकिन अब आपको परेशान होने की बिल्कुल ज़रूरत नहीं है। UIDAI ने एक ऐसी कमाल की सुविधा शुरू की है, जिसके जरिए आप बिना किसी खुद के एड्रेस प्रूफ के भी अपना आधार अपडेट कर सकते हैं। बस इसके लिए आपको घर के मुखिया की थोड़ी सी मदद लेनी होगी। चलिए जानते हैं इस सीक्रेट तरीके के बारे में जिससे आपका काम मिनटों में हो जाएगा।
बिना एड्रेस प्रूफ के आधार अपडेट का जादू
अक्सर लोग इसलिए आधार अपडेट नहीं करवा पाते क्योंकि उनके पास जरूरी कागजात नहीं होते। सरकार ने इस समस्या को समझते हुए ‘Head of Family’ (HOF) बेस्ड एड्रेस अपडेट की शुरुआत की है। इसमें आप अपने पिता, पति, माता या घर के किसी भी बड़े सदस्य के आधार कार्ड के पते को अपने आधार में कॉपी करवा सकते हैं।
इस प्रोसेस का सबसे बड़ा फायदा यह है कि आपको किसी सरकारी दफ्तर के चक्कर नहीं काटने पड़ते और न ही किसी एजेंट को पैसे देने पड़ते हैं। आप घर बैठे अपने मोबाइल से यह पूरा काम कर सकते हैं। बस आपको अपना रिश्ता साबित करना होता है, और आपका नया आधार कार्ड तैयार हो जाता है।
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जानिए क्या है HOF बेस्ड एड्रेस अपडेट सर्विस
UIDAI की यह सर्विस उन लोगों के लिए वरदान है जो अपने परिवार के साथ रहते हैं लेकिन उनके पास खुद के नाम का कोई प्रूफ नहीं है। जैसे कि शादी के बाद ससुराल गई महिलाएं या पढ़ाई के लिए दूसरे शहर में रहने वाले बच्चे। इसमें घर का मुखिया (HOF) अपनी सहमति देता है कि आप उनके साथ रह रहे हैं।
इस प्रक्रिया में आपको सिर्फ एक ‘रिलेशनशिप प्रूफ’ देना होता है। अगर आपके पास वो भी नहीं है, तो घबराइए मत! UIDAI ने उसका भी जुगाड़ निकाल रखा है। आप एक सिंपल ‘सेल्फ डिक्लेरेशन फॉर्म’ भरकर भी अपना काम चला सकते हैं। यानी अब एड्रेस प्रूफ न होना कोई बहाना नहीं बनेगा।
मोबाइल ऐप से कैसे शुरू करें एड्रेस बदलने का काम?
सबसे पहले अपने स्मार्टफोन में नया ‘mAadhaar’ ऐप डाउनलोड करें। इसमें अपनी डिटेल्स डालकर लॉगिन कर लें। ऐप के होम स्क्रीन पर नीचे की तरफ आपको ‘Services’ का एक बटन दिखेगा, उस पर टैप करें।
वहां आपको ‘Address Update’ का ऑप्शन मिलेगा। जैसे ही आप इसे खोलेंगे, आपके सामने दो रास्ते होंगे। आपको ‘Head of Family (HOF) Based Address Update’ वाला विकल्प चुनना है। यहीं से आपकी बिना कागजों वाली एड्रेस चेंज की प्रक्रिया शुरू होगी।
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स्टेप-बाय-स्टेप प्रोसेस
HOF ऑप्शन चुनने के बाद, आपको उस फैमिली मेंबर का आधार नंबर डालना होगा जिसके पते पर आप अपना आधार शिफ्ट करना चाहते हैं। नंबर डालने के बाद नीचे दिए गए ड्राप-डाउन मेनू से अपना रिश्ता (जैसे- Husband, Father, Mother) चुनें।
अगले स्टेप में आपको रिश्ते का सबूत जैसे राशन कार्ड, मैरिज सर्टिफिकेट या पासपोर्ट अपलोड करना होगा। अगर इनमें से कुछ भी नहीं है, तो UIDAI की वेबसाइट से ‘Self-Declaration Form’ डाउनलोड करें, उसे भरें और उसकी फोटो अपलोड कर दें। इसके बाद मामूली सी फीस जमा करें और अपना SRN (Service Request Number) संभाल कर रख लें।
सिर्फ फॉर्म भरने से नहीं होगा काम, यह स्टेप है सबसे जरूरी
कई लोग यहीं पर गलती करते हैं और सोचते हैं कि काम हो गया। फॉर्म भरने के बाद असली जिम्मेदारी आपके घर के उस सदस्य की है जिसका आधार नंबर आपने दिया है। उनके पास आपकी रिक्वेस्ट को स्वीकार करने के लिए 30 दिन का समय होता है।
अगर वो 30 दिनों के अंदर आपकी रिक्वेस्ट को अप्रूव नहीं करते हैं, तो आपका आवेदन अपने आप कैंसिल हो जाएगा और आपकी भरी हुई फीस भी वापस नहीं मिलेगी। इसलिए जैसे ही आप फॉर्म भरें, तुरंत घर के मुखिया को बोलें कि वे अपनी सहमति दे दें।
घर का मुखिया कैसे देगा अपनी सहमति?
सहमति देने की प्रक्रिया भी बहुत सरल है। आपके परिवार के उस सदस्य को ‘myAadhaar’ पोर्टल पर जाना होगा। वहां उन्हें ‘My Head of Family Requests’ नाम का एक टैब दिखाई देगा। इस पर क्लिक करते ही आपकी भेजी गई रिक्वेस्ट वहां दिखने लगेगी।
उन्हें बस ‘Accept’ बटन पर क्लिक करना है। जैसे ही वे इसे स्वीकार करेंगे, आपकी रिक्वेस्ट रजिस्टर हो जाएगी। इसके बाद UIDAI आपके डेटा को वेरिफाई करेगा और अगले कुछ ही दिनों के अंदर आपका पता डिजिटल रूप से अपडेट हो जाएगा।
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इन 3 बातों का ध्यान नहीं रखा तो फेल हो जाएगा आवेदन
पहली बात, यह ध्यान रखें कि जिसका आधार आप इस्तेमाल कर रहे हैं, उनका मोबाइल नंबर आधार से लिंक होना चाहिए क्योंकि ओटीपी (OTP) के बिना काम नहीं होगा। दूसरी बात, सेल्फ डिक्लेरेशन फॉर्म पर साइन करना न भूलें, वरना आवेदन रिजेक्ट हो सकता है।
तीसरी और सबसे महत्वपूर्ण बात यह है कि एक बार रिक्वेस्ट रिजेक्ट होने पर फीस रिफंड नहीं होती। इसलिए फॉर्म भरते समय आधार नंबर और बाकी डिटेल्स को दो बार चेक कर लें। अगर सब कुछ सही रहा, तो आप नया आधार ऑनलाइन डाउनलोड कर सकते हैं या पीवीसी कार्ड ऑर्डर कर सकते हैं।
डिजिटल इंडिया में आधार की बढ़ती ताकत
आज के समय में आधार सिर्फ एक कार्ड नहीं है, बल्कि आपकी पहचान की चाबी है। बैंक अकाउंट खुलवाना हो, सिम कार्ड लेना हो या किसी सरकारी योजना का लाभ उठाना हो, आधार में सही पता होना बहुत जरूरी है। UIDAI की इस नई पहल से अब देश के करोड़ों लोगों को सहूलियत मिलेगी।
तकनीक के इस दौर में अब आपको छोटे कामों के लिए कतारों में लगने की जरूरत नहीं है। बस थो़ड़ी सी सावधानी और सही जानकारी के साथ आप अपनी डिजिटल प्रोफाइल को अपडेट रख सकते हैं। तो देर किस बात की? अगर आपका भी आधार एड्रेस पुराना है, तो आज ही इस तरीके को आज़माएँ।
अस्वीकरण: यह जानकारी केवल सामान्य जागरूकता के लिए है। आधार एड्रेस अपडेट करने की आधिकारिक और सटीक प्रक्रिया के लिए हमेशा UIDAI की वेबसाइट (uidai.gov.in) पर दिए गए निर्देशों का ही पालन करें।